हरदा उवाच:तुम 100यूनिट दोगे,तो हम 200यूनिट बिजली फ्री देंगे

ख़बर शेयर करें -

उत्तराखंड में विधान सभा चुनाव को अभी करीब सात महीने शेष हैं,लेकिन आम आदमी पार्टी के दिल्ली माॅडल के साथ मैदान में उतरने की घोषणा के बाद बीजेपी,कांग्रेस ने भी “फोकट”की राजनीति शुरू कर दी है यानी “फ्री” की राजनीति।इसकी शुरूआत की कैबिनेट मंत्री हरक सिंह रावत ने,उन्होंने उर्जा विभाग मिलते ही राज्य के लोगों को घरेलू संयोजन पर 100यूनिट बिजली फ्री देने की घोषणा कर दी,इससे पूर्व हरीश रावत भी इस तरह की बयानबाजी कर जनता को लुभाने का प्रयास करते आ रहे थे।हरक सिंह रावत उर्जा मंत्री बनते ही नहले पर दहला मार दिया।अब हरीश रावत ने सोशल मीडिया के जरिए 100 यूनिट बिजली मुफ्त देने को अपर्याप्त मानते हुए टिप्पणी की है जरा आप भी पढे़–

यह भी पढ़ें 👉  पूर्व दर्जा राज्यमंत्री गिरफ्तार. गैर जमानती वारंट हुआ था जारी.जानें क्या था मामला

हरीश रावत ने फेसबुक पर लिखा कि 100 यूनिट ही क्यों? #डबल_इंजन वाली सरकार बहादुर चाहे तो 200 यूनिट भी बिजली मुफ्त दे सकती है, लोगों को अच्छा लगेगा। पहले लोगों को 24 घंटा बिना पॉवर कट के #बिजली दे दें, बिना अघोषित कटौती के बिजली दे दें और फिर जरा ऐसा कहने से पहले #पॉवर_कॉरपोरेशन के खाते को भी देख लें, उसकी स्थिति क्या है? क्योंकि एक बात हम सबको ध्यान रखनी है कि #उत्तराखंड, देश में सबसे कम दर पर बिजली उपलब्ध करवाने वाला राज्य है, वो समीकरण गड़बड़ाना नहीं चाहिए और मैं उत्तराखंड के भाई-बहनों से कहना चाहता हूंँ कि यदि यह नहीं करेंगे, हमने पहले भी बिजली क्षेत्र में सुधार किये और #कांग्रेस सत्ता में आएगी न केवल बिजली क्षेत्र में सुधार करेंगे, बल्कि प्रारंभिक वर्ष में 100 यूनिट तक और दूसरे वर्ष जो है 200 यूनिट तक लोगों को प्रति परिवार #मुफ्त_बिजली उपलब्ध करवाएंगे और उसका भार, न विद्युत ढांचे पर आने देंगे और न उपभोक्ता को पॉवर कट जैसी जहालतें जो आज झेलनी पड़ रही हैं, वो नहीं झेलनी पड़ेंगी।

यह भी पढ़ें 👉  अब कलम से छलक रहा कहीं दर्द.. कहीं गुस्सा।..अबकी बार फिर मारी गईं है अंकिता !


100 यूनिट ही क्यों? डबल इंजन की सरकार है, चुनावी वर्ष है, 200 यूनिट बिजली मुफ्त देने का एलान कर दीजिये। मगर एलान, लागू तत्काल हो। कहीं ऐसा न हो कि चुनाव आ जाएं और लागू करने का जिम्मा अगली सरकार पर आये। फिर सुनने में हमें अच्छा लगा, लोगों को भी अच्छा लगा। अब लोगों घंटा, आधे घंटे अघोषित #पॉवर_कट 24 घंटे में कई-कई बार झेलना पड़ रहा है, बहुत कष्ट पहुंच रहा है। ग्रामीण क्षेत्रों में औषध बिजली की उपलब्धता घटकर 14 घंटा आ गई है, उसको सुधारने के ऊपर भी किसी को ध्यान देना पड़ेगा न? जरा ऊर्जा निगम की वित्तीय स्थिति से लेकर उत्पादन की स्थिति का एक ब्यौरा भी तो राज्य के लोगों के सम्मुख रख दीजिए और लोगों को जरा सा यह तो बता दीजिए कि 200 मेगावाट #सोलर प्लांट योजना का काम कितना आगे बड़ा है? याद रखना आप नहीं करोगे तो, कांग्रेस तो आ ही रही है।
#uttarakhand
Pushkar Singh Dhami

Ad
Ad

Leave a Reply

Your email address will not be published.