रानीखेत उप जिला चिकित्सालय में स्ट्रेचर और वक्त पर इलाज न मिलने से घायल बुजुर्ग की मौत, ग्रामीणों ने किया हंगामा

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रानीखेत– उप जिला चिकित्सालय रानीखेत के कैम्पस में स्ट्रेचर और वक्त पर इलाज न मिलने से एक सड़क हादसे में घायल बुजुर्ग की मौत हो गई।​इस घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों और स्थानीय लोगों ने अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली और बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं के खिलाफ कड़ा विरोध दर्ज कराया।

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जानकारी अनुसार सोमवार को मजखाली निवासी 65 वर्षीय पूरन सिंह अधिकारी को एक समारोह से लौट रहे थे, तभी हाईवे पर एक तेज रफ्तार बाइक की टक्कर से वे गंभीर रूप से घायल हो गए। परिजनों और ग्रामीणों का आरोप है कि घायल को बेहद नाजुक हालत में अस्पताल लाया गया। इमर्जेंसी में गुहार लगाने के बावजूद न तो समय पर स्ट्रेचर उपलब्ध कराया गया और न ही कोई स्वास्थ्य कर्मी वाहन तक आया। लगभग 45 मिनट तक स्ट्रेचर की आपाधापी और इलाज के अभाव में बुजुर्ग ने चिकित्सालय कैम्पस में ही दम तोड़ दिया।
​इधर आपातकालीन कक्ष में तैनात चिकित्साधिकारी का कहना है कि उन्हें स्थिति अत्यंत गंभीर होने की स्पष्ट जानकारी नहीं दी गई थी, इसलिए मरीज को इमर्जेंसी वार्ड में लाने के लिए कहा गया था।​इस घटना के बाद आक्रोशित ग्रामीणों और स्थानीय लोगों ने अस्पताल प्रबंधन की कार्यप्रणाली और बदहाल स्वास्थ्य सेवाओं के खिलाफ जमकर हंगामा किया।

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